लोक जनशक्ति पार्टी (आर) में घमासान बैठक में फूटा असंतोष का ज्वालामुखी, पदाधिकारियों ने प्रदेश प्रभारी पर लगाए गंभीर आरोप हरिद्वार से बड़ी राजनीतिक खबर सामने आई है, जहां जूस कंट्री क्षेत्र में आज लोक जनशक्ति पार्टी (आर) की एक अहम बैठक आयोजित की गई। इस बैठक ने पार्टी के अंदर चल रही खींचतान और असंतोष को खुलकर सामने ला दिया। बैठक में मौजूद नेताओं ने प्रदेश प्रभारी पवन वर्मा पर सीधे-सीधे पार्टी विरोधी गतिविधियों और मनमानी करने के गंभीर आरोप लगाए। बैठक में प्रदेश अध्यक्ष विशाल सिंह ठाकुर, पश्चिम उत्तर प्रदेश के प्रदेश अध्यक्ष सहित कई वरिष्ठ पदाधिकारी मौजूद रहे। बैठक के दौरान माहौल उस समय गरमा गया जब प्रदेश महासचिव नाजिम साबरी ने खुलकर अपनी नाराजगी जाहिर की और पवन वर्मा के कामकाज पर सवाल खड़े कर दिए। नाजिम साबरी ने कहा कि प्रदेश प्रभारी पवन वर्मा पार्टी को मजबूत करने की बजाय संगठन को कमजोर करने में लगे हुए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पवन वर्मा पार्टी के नियमों और पदाधिकारियों की अनदेखी कर रहे हैं। और अपने मनमुताबिक फैसले ले रहे हैं। जिससे संगठन में भ्रम और असंतोष फैल रहा है। बैठक में यह भी आरोप लगाया गया कि पवन वर्मा ने खुले तौर पर यह कहा है। कि मैं जिसको चाहूंगा पार्टी से हटाऊंगा और जिसको चाहूंगा पद पर नियुक्त करूंगा। इस बयान को लेकर बैठक में मौजूद कई नेताओं ने कड़ा विरोध जताया और इसे पार्टी के लोकतांत्रिक ढांचे के खिलाफ बताया। पार्टी नेताओं का कहना है कि अगर यही स्थिति बनी रही तो पश्चिम उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के कई क्षेत्रों में पार्टी को भारी नुकसान उठाना पड़ सकता है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि इस संभावित नुकसान के लिए केवल और केवल पवन वर्मा जिम्मेदार होंगे। बैठक में मौजूद नेताओं ने यह भी संकेत दिए कि अब इस पूरे मामले को सार्वजनिक किया जाएगा। उन्होंने कहा कि कल मीडिया के माध्यम से पूरे घटनाक्रम का खुलासा किया जाएगा, जिससे सच्चाई जनता के सामने लाई जा सके। इस बैठक के बाद यह साफ हो गया है कि लोक जनशक्ति पार्टी (आर) के अंदर सब कुछ ठीक नहीं चल रहा है। संगठन में गुटबाजी और आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है। जिससे पार्टी की छवि पर भी असर पड़ रहा है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि अगर समय रहते पार्टी नेतृत्व ने इस विवाद को नहीं सुलझाया तो आगामी चुनावों में इसका सीधा असर देखने को मिल सकता है। वहीं, कार्यकर्ताओं में भी इस घटनाक्रम को लेकर बेचैनी साफ देखी जा रही है। अब सभी की नजरें कल होने वाले मीडिया खुलासे पर टिकी हैं, जहां यह स्पष्ट होगा कि पार्टी के अंदर चल रही इस खींचतान का अंत किस दिशा में जाता है।इन सभी सवालों के जवाब आने वाले समय में सामने आएंगे, लेकिन फिलहाल हरिद्वार की यह बैठक प्रदेश की राजनीति में हलचल जरूर पैदा कर गई है। इस अवसर पर शादाब अंसारी अध्यक्ष विधानसभा भगवानपुर, जिला अध्यक्ष हुसैन साबरी,अल्पसंख्यक विभाग हरिद्वार सुशील मिश्रा रानीपुर विधानसभा अध्यक्ष, अवधेश कुमार जिला संयोजक, नसीम अंसारी, अखलाक साबरी, साकिब साबरी, संजीव चौधरी, रघुनाथ मांझी, जितेंद्र धीमान, एडवोकेट शिव ध्यान सिंह, लोकेश कुमार मंगलौर, आदी उपस्थित है Post navigation मुख्यमंत्री धामी तराशे हुए हीरा, प्रदेश का कर रहे समुचित विकास: भरत चौधरी रानीपुर पुलिस का अवैध खनन पर बड़ा प्रहार, 7 भैंसा बुग्गियां जब्त